Darbhanga News: दरभंगा में फर्जी दारोगा गिरफ्तार, वाहनों से करता था अवैध वसूली

दरभंगा में फर्जी दारोगा बन वाहनों से अवैध वसूली करने वाले एंट्री माफिया को पुलिस ने किया गिरफ्तार (Fake constable arrested in Darbhanga) कर लिया. वह कभी डीटीओ, तो कभी माइनिंग अफसर, तो कभी पुलिस अधिकारी बन वाहनों से अवैध उगाही करता था. आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है. पढ़ें पूरी खबर..

Darbhanga News: दरभंगा में फर्जी दारोगा गिरफ्तार, वाहनों से करता था अवैध वसूली
दरभंगा में फर्जी दारोगा गिरफ्तार, वाहनों से करता था अवैध वसूली

दरभंगा - बिहार के दरभंगा जिला में एक फर्जी दारोगा को गिरफ्तार किया है। वहीं फर्जी दरोगा पिछले 6 महीनों से पुलिस की वर्दी पर स्टार लगाकर लोंगों पर पुलिसिया रौब दिखाता था। लेकिन पुलिस को इस बात की भनक तक नहीं लगी। इस बीच नकली दारोगा वन वें मे घुसे वाहन चालकों से नो इंट्री में प्रवेश करने के नाम पर अवैध वसूली कर रहा है। गिरफ्तार फर्जी दारोगा खुद को मनीगाछी थाना क्षेत्र के जगदीशपुर गांव निवासी विजय कुमार साहू का पुत्र अशोक कुमार साहू बता रहा है। वही पुलिस ने गिरफ्तार दारोगा के पास से फर्जी पहचान पत्र सहित अन्य दस्तावेज व एक बाइक को जप्त किया है।

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तीन बार दारोगा भर्ती में दिया था परीक्षा: वही सदर एसडीपीओ अमित कुमार ने इस बात की जानकारी देते हुए कहा कि गुप्त सूचना मिली थी कि कोई नकली दारोगा बनकर वन वें मे घुसे वाहन चालकों से अवैध वसूली कर रहा है। सूचना मिलने के बाद उन्होंने यातायात प्रभारी कुमार गौरव को सत्यापन के लिए भेजा गया। सत्यापन के लिए उसे हिरासत में लेकर नगर थाना लाया गया और पूछताछ की गई तो पूरे मामले से पर्दा उठ गया। वहीं उन्होंने बताया कि पकड़े गए नकली दारोगा ने अपना नाम अशोक बताया है। पूछताछ में उसने बताया कि वह दारोगा के लिये तीन बार परीक्षा दिया था जिसमें वह सफल नहीं हों सका।

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नो इंट्री में प्रवेश गाड़ी से करता था अवैध वसूली: वही अमित कुमार ने बताया कि वह नो इंट्री का उलंघन करने वालों चालक को रोकता था और धौंस जमाते हुये रुपये वसूल कर लेता था। यह काम वह शहर के मिर्जापुर, दोनार आदि जगहों पर किया करता था। उसने बताया कि इस दौरान वह गश्ती गाड़ी को देखकर छुप जाता था और हमेशा मुंह मे मास्क लगाये रहता था। ताकि कोई पहचान नहीं सके। वही उन्होंने बताया कि अशोक ने अपने परिवार वाले को भी अंधेरे मे रखा था। उसने घर वालों को बता रखा था कि उसकी नौकरी पुलिस मे लग गई है और वह यातायात पुलिस मे दारोगा है।