दरभंगा में दिनदहाड़े इंसानियत शर्मसार! 64 वर्षीय बुजुर्ग महिला की पेंशन लूट ली, कान से टाप्स नोचकर किया लहूलुहान, दर्द से कराहती रही 'माँ', बेखौफ अपराधी फरार... आखिर कब थमेगा अपराध का यह आतंक? पढ़िए इस क्राइम वारदात की पूरी रिपोर्ट...
शहर के व्यस्ततम और संवेदनशील मार्गों में शुमार लहेरियासराय थाना क्षेत्र स्थित वीआईपी रोड पर दोपहर अपराधियों ने जिस दुस्साहस के साथ एक बुजुर्ग महिला को अपना निशाना बनाया, उसने आम नागरिकों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा कर दिया है। दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने यह संकेत दिया है कि अपराधी अब भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी बेखौफ होकर घटनाओं को अंजाम देने से नहीं हिचक रहे हैं. पढ़े पूरी रिपोर्ट....
दरभंगा। शहर के व्यस्ततम और संवेदनशील मार्गों में शुमार लहेरियासराय थाना क्षेत्र स्थित वीआईपी रोड पर दोपहर अपराधियों ने जिस दुस्साहस के साथ एक बुजुर्ग महिला को अपना निशाना बनाया, उसने आम नागरिकों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा कर दिया है। दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने यह संकेत दिया है कि अपराधी अब भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी बेखौफ होकर घटनाओं को अंजाम देने से नहीं हिचक रहे हैं।

Advertisement
घटना में डीएमसीएच की सेवानिवृत्त महिला कर्मचारी से न केवल उनकी पेंशन की पूरी राशि लूट ली गई, बल्कि उनके दोनों कानों के टाप्स भी छीन लिए गए। जब एक टाप्स आसानी से नहीं निकला तो बदमाश ने उसे पूरी ताकत से खींच लिया, जिससे बुजुर्ग महिला का कान बुरी तरह जख्मी हो गया और मौके पर ही खून बहने लगा। वारदात के बाद दोनों अपराधी आराम से घटनास्थल से निकलकर लहेरियासराय टावर की दिशा में फरार हो गए। जानकारी के अनुसार, रहमगंज बैंकर्स कॉलोनी निवासी स्वर्गीय सीताराम पासवान की पत्नी उर्मिला देवी (64) डीएमसीएच से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। वह अपनी नियमित पेंशन लेने के लिए सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की बेंता शाखा गई थीं। बैंक से उन्होंने 16 हजार रुपये निकाले और उसके बाद पैदल अपने घर की ओर लौट रही थीं।

Advertisement
दोपहर का समय था। तेज धूप और उमस के कारण वह कुछ देर विश्राम करने के उद्देश्य से वीआईपी रोड किनारे छायादार स्थान पर बैठ गईं। उन्हें इस बात का जरा भी आभास नहीं था कि उनकी गतिविधियों पर पहले से अपराधियों की नजर टिकी हुई है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बैंक से निकलने के बाद से ही बदमाश उनका पीछा कर रहे थे और सुनसान अथवा अपेक्षाकृत कम सक्रिय स्थान मिलने की प्रतीक्षा कर रहे थे।महिला जैसे ही सड़क किनारे बैठीं, दो युवक उनके पास पहुंचे और सामान्य व्यक्ति की तरह उनके समीप बैठ गए। कुछ ही क्षणों बाद दोनों का व्यवहार अचानक बदल गया। आरोप है कि उन्होंने महिला को जान से मारने की धमकी देते हुए कहा कि जितने रुपये और जेवर हैं, तत्काल उनके हवाले कर दो, अन्यथा अंजाम गंभीर होगा।

Advertisement
अचानक सामने खड़े अपराधियों की धमकी से बुजुर्ग महिला भयभीत हो गईं। अकेली होने और सहायता के लिए तत्काल किसी के सामने नहीं आने की स्थिति में उन्होंने अपने पास मौजूद 16 हजार रुपये तथा एक कान का टाप्स अपराधियों को सौंप दिया। लेकिन दूसरे कान का टाप्स आसानी से नहीं निकल सका। इसी दौरान एक बदमाश ने अत्यधिक बल प्रयोग करते हुए महिला के कान से टाप्स को जबरन खींच लिया। इस दौरान उनका कान फट गया और खून बहने लगा। दर्द से कराहती महिला घटनास्थल पर ही असहाय अवस्था में रह गईं, जबकि दोनों अपराधी वारदात को अंजाम देकर तेजी से लहेरियासराय टावर की दिशा में फरार हो गए।

Advertisement
घटना के बाद घायल और सदमे में मौजूद महिला ने किसी तरह अपने पुत्र पप्पू कुमार पासवान को सूचना दी। सूचना मिलते ही उनका पुत्र तत्काल घटनास्थल पर पहुंचा। इसके बाद लहेरियासराय थाना पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी गई। सूचना प्राप्त होते ही थाना का गश्ती दल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ शुरू की। अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के उद्देश्य से आसपास के क्षेत्रों में तलाशी अभियान चलाया गया। साथ ही घटनास्थल और संभावित भागने वाले मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।

Advertisement
पीड़िता उर्मिला देवी ने लहेरियासराय थाना में लिखित आवेदन देकर घटना की विस्तृत जानकारी पुलिस को उपलब्ध कराई है तथा अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी और लूटी गई संपत्ति की बरामदगी की मांग की है। यह घटना केवल एक लूटकांड नहीं, बल्कि बुजुर्ग नागरिकों की सुरक्षा से जुड़े गंभीर खतरे का संकेत भी मानी जा रही है। जिस महिला ने वर्षों तक सरकारी सेवा में कार्य किया, वही सेवानिवृत्ति के बाद अपनी मेहनत की पेंशन लेकर घर लौटते समय अपराधियों की शिकार बन गईं। घटना के दौरान उनके साथ जिस प्रकार का बल प्रयोग किया गया, उसने यह स्पष्ट कर दिया कि अपराधियों में कानून का भय लगातार कम होता दिखाई दे रहा है।

Advertisement
स्थानीय लोगों का कहना है कि वीआईपी रोड शहर का अत्यंत व्यस्त मार्ग है, जहां दिनभर लोगों और वाहनों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे इलाके में दिनदहाड़े इस प्रकार की वारदात होना सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। लोगों का कहना है कि यदि भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में भी बुजुर्ग महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं, तो अन्य स्थानों की स्थिति का सहज अनुमान लगाया जा सकता है। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय नागरिकों ने मांग की है कि बैंकों के आसपास पुलिस गश्त बढ़ाई जाए तथा विशेष रूप से पेंशन निकालने वाले बुजुर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी व्यवस्था लागू की जाए। उनका कहना है कि अक्सर अपराधी बैंक से निकलने वाले लोगों की गतिविधियों पर नजर रखते हैं और मौका मिलते ही उन्हें अपना निशाना बना लेते हैं।

Advertisement
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच सभी पहलुओं पर की जा रही है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, स्थानीय लोगों से मिली जानकारी तथा अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर अपराधियों की पहचान का प्रयास जारी है। पुलिस का दावा है कि घटना में शामिल दोनों आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। फिलहाल यह घटना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। एक ओर घायल बुजुर्ग महिला शारीरिक पीड़ा और मानसिक आघात से गुजर रही हैं, वहीं दूसरी ओर शहर के नागरिकों में सुरक्षा को लेकर चिंता और असुरक्षा की भावना गहराती जा रही है। अब सभी की निगाहें पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं कि आखिर इस दुस्साहसिक वारदात को अंजाम देने वाले अपराधी कब तक कानून की गिरफ्त में आते हैं।
