बड़ी खबर: दरभंगा में BDO के ठिकानों पर EOU का शिकंजा, पांच ठिकानों पर एकसाथ धावा; 1.71 करोड़ की कथित आय से अधिक संपत्ति का खुलासा
बिहार के दरभंगा जिले से मंगलवार सुबह प्रशासनिक महकमे को झकझोर देने वाली बड़ी खबर सामने आई। बहादुरपुर प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) डॉ. आनंद कुमार विभूति के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में बड़ी कार्रवाई शुरू की है। EOU की अलग-अलग टीमों ने मंगलवार सुबह एक साथ उनके पांच ठिकानों पर तलाशी अभियान शुरू किया. पढ़े पूरी खबर.....
दरभंगा। बिहार के दरभंगा जिले से मंगलवार सुबह प्रशासनिक महकमे को झकझोर देने वाली बड़ी खबर सामने आई। बहादुरपुर प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) डॉ. आनंद कुमार विभूति के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में बड़ी कार्रवाई शुरू की है। EOU की अलग-अलग टीमों ने मंगलवार सुबह एक साथ उनके पांच ठिकानों पर तलाशी अभियान शुरू किया। कार्रवाई की खबर फैलते ही प्रशासनिक और राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई।

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EOU के अनुसार, विश्वस्त सूत्रों से प्राप्त सूचना के सत्यापन के बाद डॉ. आनंद कुमार विभूति के खिलाफ ज्ञात आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई। आर्थिक अपराध इकाई थाना कांड संख्या 21/26, दिनांक 07 सितंबर 2026, के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। इसके बाद विशेष न्यायालय, निगरानी, पटना से तलाशी अधिपत्र प्राप्त कर पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारियों के नेतृत्व में छापेमारी की कार्रवाई शुरू की गई। EOU का दावा है कि सत्यापन के दौरान डॉ. आनंद कुमार विभूति के ज्ञात और वैध आय के स्रोतों की तुलना में ₹1,71,84,000 यानी करीब 1.71 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति अर्जित किए जाने का प्रथमदृष्टया साक्ष्य मिला है। जांच एजेंसी के अनुसार यह राशि उनकी ज्ञात आय से लगभग 121.87 प्रतिशत अधिक बताई गई है। यही आंकड़ा इस कार्रवाई को बेहद गंभीर बना रहा है। जांच एजेंसी अब उन संपत्तियों, दस्तावेजों और वित्तीय लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड की पड़ताल कर रही है, जिनके आधार पर कथित तौर पर आय और संपत्ति के बीच इतना बड़ा अंतर सामने आया।

दरभंगा से लेकर पटना और मुजफ्फरपुर तक छापेमारी: EOU के मुताबिक मंगलवार सुबह एक साथ पांच स्थानों पर तलाशी शुरू की गई। इनमें पूर्वी चंपारण जिले के चिरैया थाना क्षेत्र स्थित लालबेगिया का पैतृक आवास, पटना के दानापुर थाना क्षेत्र के आशोपुर स्थित साई विहार अपार्टमेंट का फ्लैट संख्या-305, दरभंगा के बहादुरपुर स्थित कार्यालय कक्ष, बहादुरपुर स्थित सरकारी आवास और मुजफ्फरपुर के अहियापुर थाना क्षेत्र के सरस्वती नगर स्थित निजी आवास शामिल हैं। दरभंगा में सरकारी कार्यालय और सरकारी आवास पर हुई कार्रवाई ने मामले को और गंभीर बना दिया है। EOU की टीमें अलग-अलग स्थानों पर दस्तावेजों, संपत्ति से जुड़े कागजात और अन्य महत्वपूर्ण सामग्री की जांच में जुटी हैं। डॉ. आनंद कुमार विभूति करीब दो महीने पहले मुजफ्फरपुर जिले के कांटी प्रखंड से स्थानांतरित होकर दरभंगा के बहादुरपुर प्रखंड में BDO के पद पर आए थे। यानी बहादुरपुर में उनकी पदस्थापना को अभी लंबा समय भी नहीं हुआ था कि आर्थिक अपराध इकाई की कार्रवाई ने प्रशासनिक तंत्र में हलचल पैदा कर दी।

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छापेमारी की भनक लगते ही फरार होने की चर्चा: इस कार्रवाई के बीच यह भी चर्चा सामने आई कि EOU की टीम के पहुंचने की भनक लगते ही डॉ. आनंद कुमार विभूति मौके से निकल गए। स्थानीय रिपोर्टों में उनके कथित तौर पर फरार होने की बात कही गई है। हालांकि, इस संबंध में अंतिम और आधिकारिक स्थिति जांच एजेंसी की ओर से स्पष्ट किया जाना बाकी है। EOU की कार्रवाई का सबसे महत्वपूर्ण पहलू अब बरामद होने वाले दस्तावेज और संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड होंगे। जांच टीम यह पता लगाने में जुटी है कि कथित रूप से आय से अधिक संपत्ति किन स्रोतों से अर्जित की गई और उसके पीछे कौन-कौन से वित्तीय लेन-देन या संपत्ति निवेश शामिल हैं। दरभंगा में BDO के कार्यालय और आवास के साथ-साथ दूसरे जिलों में स्थित ठिकानों पर एकसाथ कार्रवाई ने मामले की गंभीरता को स्पष्ट कर दिया है। हालांकि, तलाशी से क्या-क्या बरामद हुआ है, इसकी पूरी तस्वीर जांच पूरी होने और EOU की आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्पष्ट होगी।फिलहाल 1.71 करोड़ रुपये की कथित आय से अधिक संपत्ति और 121.87 प्रतिशत के अंतर का EOU द्वारा किया गया दावा इस पूरे मामले का सबसे बड़ा केंद्र है। अब निगाहें तलाशी में सामने आने वाले दस्तावेजों, संपत्ति के विवरण और आर्थिक अपराध इकाई की आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं।
